गया लाइव डेस्क। गयाजी की पवित्र धरती पर पितृपक्ष मेले के दौरान स्मिता ठाकरे ने मंगलवार को शिवसेना संस्थापक दिवंगत बालासाहेब ठाकरे के लिए पिंडदान किया। इस दौरान उन्होंने अपने पिता मधुकर चित्रे के निमित्त भी श्राद्ध कर्म संपन्न किया। स्मिता ने कहा कि गयाजी आकर पितरों को श्रद्धांजलि देना उनके लिए सौभाग्य की बात है और बालासाहेब के विचारों को आगे बढ़ाने का प्रयास करेंगी।

  • स्मिता ठाकरे ने गयाजी के विष्णुपद मंदिर में पिंडदान की विधि पूरी की।
  • उन्होंने अपने ससुर बालासाहेब ठाकरे और पिता मधुकर चित्रे के लिए तर्पण और श्राद्ध कर्म किया।
  • महिलाओं के पिंडदान को लेकर समाज में प्रचलित मान्यता पर आचार्यों से जानकारी प्राप्त की।
  • स्मिता ने बताया कि उन्हें आचार्यों ने माता सीता द्वारा राजा दशरथ के लिए पिंडदान की कथा सुनाई।
  • पितृपक्ष मेले में देश-विदेश से श्रद्धालु गयाजी पहुंचकर अपने पूर्वजों के लिए धार्मिक अनुष्ठान कर रहे हैं।

महत्वपूर्ण निर्देश: धार्मिक मान्यता के अनुसार गयाजी में पिंडदान करने से पितरों को मोक्ष की प्राप्ति होती है। इस दौरान व्यक्तिगत पहचान संबंधी विवरण को गोपनीय रखा जाना चाहिए।

स्मिता ठाकरे के इस धार्मिक अनुष्ठान ने गयाजी में पितृपक्ष मेले के दौरान आस्था और परंपरा की एक महत्वपूर्ण तस्वीर प्रस्तुत की है। उनके द्वारा किए गए पिंडदान ने यह संदेश दिया कि पितरों के प्रति श्रद्धा अर्पित करने में महिलाओं की भूमिका भी महत्वपूर्ण हो सकती है।